अब भी समझ से परे है डॉ. शीतल आमटे की आत्महत्या का कारण

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वरिष्ठ समाजसेवी स्व.बाबा आमटे की नाती थी शीतल

चंद्रपुर : वरिष्ठ समाजसेवी स्व. बाबा आमटे की नाती और वरोरा के महारोगी सेवा समिति की सीईओ डॉ. शीतल आमटे-करजगी ने सोमवार को आत्महत्या कर ली. हालांकि अब तक उनकी आत्महत्या का कारण पता नहीं चला है.

उल्लेखनीय है कि शीतल आमटे की कार्यप्रणाली को लेकर ही पिछले कुछ दिनों से आमटे परिवार के भीतर विवाद चल रहा था. हाल में डॉ. शीतल ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो अपलोड किया था. जिसमें उन्होंने आमटे परिवार के सदस्यों पर ही आरोप लगाए थे. जिसके बाद लगातार आमटे परिवार को निशाना बनाया जा रहा था. हालांकि कुछ ही समय बाद उन्होंने इस वीडियो को हटा दिया था. इसी बीच आमटे परिवार ने सोशल मीडिया में एक संयुक्त लेटर भी जारी किया था. इसी बीच आज डॉ. शीतल आमटे ने आत्महत्या कर ली. वरोरा उपजिला अस्पताल में ले जानेपर वैद्यकीय अधिकारी ने उसे मृत घोषित किया.

दोपहर के दौरान उनके पति गौतम करजगी शीतल का शव लेकर पोस्टमार्टम के लिए चंद्रपुर रवाना हुए. आत्महत्या की खबर मिलने के बाद चंद्रपुर के जिला पुलिस अधीक्षक अरविंद सालवे, एसडीपीओ नीलेश पांडे, थानेदार दीपक खोब्रागडे ने घटनास्थल का निरीक्षण किया.

डॉ. शीतल आमटे दिवंगत सामाजिक कार्यकर्ता बाबा आमटे की नाती और डॉ. विकास तथा भारती आमटे की बेटी थी. डॉ. शीतल ने वर्ष 2003 में नागपुर के शासकीय वैद्यकीय महाविद्यालय से एमबीबीएस किया था. इसके बाद सोशल इंटरप्रिनरशीप पाठयक्रम पूरा किया. हेमलकसा, आनंदवन, सोमनाथ की बाबा आमटे द्वारा संचालित संस्थाओं का वित्त नियोजन उन्हीं के जिम्मे था. उल्लेखनीय है कि ‘वर्ल्ड इकॉनॉमिक फोरम’ ने मार्च 2016 में ‘यंग ग्लोबल लीडर’ के तौर उनका चयन किया है.